धनसंक्रान्ति व्रत  

  • भारत में धार्मिक व्रतों का सर्वव्यापी प्रचार रहा है। यह हिन्दू धर्म ग्रंथों में उल्लिखित हिन्दू धर्म का एक व्रत संस्कार है।
  • संक्रान्ति के दिन पर आरम्भ होता है।
  • यह व्रत एक वर्ष तक चलता है।
  • इस व्रत में सूर्य देवता की पूजा होती है।
  • प्रति मास एक घड़े में जल तथा उसमें एक स्वर्ण खण्ड रखकर "सूर्य प्रसन्न हों" के साथ दान कर देना चाहिए।
  • अन्त में स्वर्ण कमल एवं एक गाय का दान करना चाहिए।
  • कर्ता को कई जीवनों तक स्वास्थ्य, सम्पत्ति तथा लम्बी आयु प्राप्त होती है।[1]


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टीका टिप्पणी और संदर्भ

  1. हेमाद्रि (व्रत0 2, 736-737, स्कन्द पुराण से उद्धरण)।

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