रामचन्द्रदोलोत्सव  

  • भारत में धार्मिक व्रतों का सर्वव्यापी प्रचार रहा है। यह हिन्दू धर्म ग्रंथों में उल्लिखित हिन्दू धर्म का एक व्रत संस्कार है।
  • यह व्रत चैत्र शुक्ल पक्ष की तृतीया को आरम्भ करना चाहिए।
  • इस दिन पालने (झूले) पर रामचन्द्र की प्रतिमा रखी जाती है और एक मास तक झुलायी जाती है, जो लोग यह झूला देखते हैं, वे एक सहस्र पापों से मुक्त हो जाते हैं। [1]


टीका टिप्पणी और संदर्भ

  1. स्मृतिकौस्तुभ (91)।

संबंधित लेख

वर्णमाला क्रमानुसार लेख खोज

                              अं                                                                                                       क्ष    त्र    ज्ञ             श्र   अः



"http://bharatdiscovery.org/bharatkosh/w/index.php?title=रामचन्द्रदोलोत्सव&oldid=141383" से लिया गया