सत्य नारायण सिन्हा  

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सत्य नारायण सिन्हा
सत्य नारायण सिन्हा
पूरा नाम सत्य नारायण सिन्हा
जन्म 9 जुलाई, 1900
जन्म भूमि दरभंगा, बिहार
संतान एक पुत्र एवं तीन पुत्रियाँ
नागरिकता भारतीय
प्रसिद्धि राजनेता तथा मध्य प्रदेश के राज्यपाल
पार्टी भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस
कार्य काल राज्यपाल- 9 मार्च, 1971 से 12 अक्टूबर, 1977 तक।
शिक्षा एल.एल.बी.
विद्यालय पटना विश्वविद्यालय, बिहार
अन्य जानकारी 1952 से 1962 तक सत्य नारायण सिन्हा संसदीय कार्यों के मंत्री रहे। मई, 1962 में इन्होंने मंत्रिमंडल के सदस्य का दर्जा प्राप्त किया। सितम्बर, 1963 से जून, 1964 तक संसदीय कार्य और सूचना तथा प्रसारण मंत्री रहे।

सत्य नारायण सिन्हा (अंग्रेज़ी: Satya Narayan Sinha ; जन्म- 9 जुलाई, 1900, दरभंगा, बिहार) 'भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस' के प्रसिद्ध राजनेता तथा संसदीय मामलों के मंत्री थे। ये वर्षों तक 'अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी' के सदस्य रहे थे। सत्य नारायण सिन्हा प्रथम लोकसभा, द्वितीय लोकसभा, तृतीय लोकसभा तथा चौथी लोकसभा के सदस्य भी रहे। वर्ष 1971 से 1977 तक इन्होंने मध्य प्रदेश के राज्यपाल का कार्यभार सम्भाला था। अपने राजनीतिक जीवन में सत्य नारायण सिन्हा कई महत्त्वपूर्ण पदों पर रहे।[1]

जन्म तथा शिक्षा

सत्य नारायण सिन्हा का जन्म 9 जुलाई, 1900 को बिहार के दरभंगा ज़िले में 'शम्भूपट्टी' नामक स्थान पर हुआ था। इन्होंने प्रारम्भिक शिक्षा मुजफ्फरपुर के स्कूल से प्राप्त की थी। बाद में 'पटना विश्वविद्यालय' से एल.एल.बी. की डिग्री प्राप्त की। ये व्यवसाय से एक कृषक और ज़मींदार थे।

विवाह

सत्य नारायण सिन्हा का विवाह सन 1918 में हुआ था। ये एक पुत्र एवं तीन पुत्रियों के पिता थे।[1]

राजनीतिक सफर

  • सन 1920 में सत्य नारायण सिन्हा स्वतंत्रता आंदोलन में सम्मिलित हुए।
  • 1926-1930 तक इन्हें बिहार विधान परिषद का सदस्य बनाया गया।
  • आप अनेक वर्षों तक 'अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी' के सदस्य भी रहे।
  • सत्य नारायण सिन्हा सन 1930 से 1974 तक दरभंगा ज़िला कांग्रेस कमेटी के प्रधान रहे।
  • वर्ष 1934 में ये केन्द्रीय विधान सभा के सदस्य निर्वाचित हुए थे।
  • 1939 में सत्य नारायण सिन्हा विरोधी दल के मुख्य सचेतक चुने गये थे।
  • सन 1942 से 1947 तक बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महामंत्री भी आप रहे।
  • 1945 में सत्य नारायण सिन्हा पुन: केन्द्रीय विधान सभा के सदस्य निर्वाचित हुए और 1946 में कांग्रेस दल के मुख्य सचेतक निर्वाचित हुए।
  • सन 1948 में ये सरकारी मुख्य सचेतक के साथ-साथ सभा के नेता के सचिव बनाये गये।
  • सत्य नारायण सिन्हा 1948-1952 में संसदीय कार्य के राज्य मंत्री रहे।[1]

लोकसभा सदस्य

सत्य नारायण सिन्हा 1952-1957 तक प्रथम लोकसभा, 1957-1962 तक द्वितीय लोकसभा, 1962-1967 तक तृतीय लोकसभा और फिर उसके बाद चौथी लोकसभा के भी सदस्य रहे।

अन्य पदों पर कार्य

1952 से 1962 तक सत्य नारायण सिन्हा संसदीय कार्यों के मंत्री भी रहे। मई सन 1962 में इन्होंने मंत्रिमंडल के सदस्य का दर्जा प्राप्त किया। सितम्बर, 1963 से जून, 1964 तक संसदीय कार्य और सूचना तथा प्रसारण मंत्री रहे। जून, 1964 से मार्च, 1967 तक संसदीय कार्य और संचार मंत्री रहे। मार्च, 1967 से बिना विभाग के मंत्री रहे। तत्पश्चात् स्वास्थ्य परिवार नियोजन तथा नगरीय विकास मंत्री रहे।

राज्यपाल

सत्य नारायण सिन्हा 9 मार्च, 1971 से 12 अक्टूबर, 1977 तक मध्य प्रदेश के राज्यपाल भी रहे।[1]


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टीका टिप्पणी और संदर्भ

  1. 1.0 1.1 1.2 1.3 मध्य प्रदेश के भूतपूर्व राज्यपाल (हिन्दी) एमपी पोस्ट। अभिगमन तिथि: 15 सितम्बर, 2014।

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