अकर्मन्
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अकर्मन् (विशेषण) (न. ब.)
1. निष्क्रिय, आलसी, निकम्मा।
2. दुष्ट, पतित।
3. (व्या.) अकर्मक-र्म (नपुं.)
- 1. कार्य का अभाव
- 2 अनुचित कार्य, दोष, पाप।
सम.-अन्चित (विशेषण)
1. जिसके पास काम न हो, खाली, निठल्ला।
2. अपराधी,-कृत् (विशेषण) कर्म से मुक्त या अनुचित कार्य करने वाला,-भोगः कर्मफल भोगने से मुक्ति का अनुभव।[1]
इन्हें भी देखें: संस्कृत-हिन्दी शब्दकोश (संकेताक्षर सूची), संस्कृत-हिन्दी शब्दकोश (संकेत सूची) एवं संस्कृत-हिन्दी शब्दकोश
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टीका टिप्पणी और संदर्भ
- ↑ संस्कृत-हिन्दी शब्दकोश |लेखक: वामन शिवराम आप्टे |प्रकाशक: कमल प्रकाशन, नई दिल्ली-110002 |पृष्ठ संख्या: 03 |
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