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दैव विवाह  

विवाह की वेदी में बैठकर ऋत्विक को जो कन्यादान किया जाता है, उसको दैव विवाह कहते हैं।

  • इस विवाह में वर पक्ष की सहमति के पश्चात् वैदिक परम्परा से संस्कार आदि करके तथा अन्य अलंकरण के साथ कन्या को विदा किया जाता है।


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