समतट  

समतट पूर्वी बंगाल के समुद्र तट का प्रदेश था, जो गंगा और ब्रह्मपुत्र के मध्य भाग में स्थित था। 'कर्मांत' में समतट के शासकों ने अपनी राजधानी क़ायम की थी।[1] करुमंत, पाकिस्तान में स्थित 'प्राचीन समतट' की राजधानी था।[2] 10वीं शती में इस प्रदेश में अराकान के चंद्रवंशीय नरेशों का राज्य रहा था।

'समतट डावक कामरूपनेपालकतृर्पुरादिप्रत्यन्तनृपतिभिः।'
  • डावक के साथ समतट भी समुद्रगुप्त के साम्राज्य की पूर्वी सीमा पर स्थित था।
  • प्रसिद्ध चीनी यात्री युवानच्वांग ने अपनी भारत यात्रा के समय (615-645 ई.) इस स्थान में 30 बौद्ध विहार और 100 से ऊपर देव मंदिर देखे थे।
  • समतट प्रदेश की राजधानी मध्य काल में 'करुमंत' (वर्तमान 'कंत') नामक स्थान पर थी, जो 'कोमिल्ला' (पूर्व पाकिस्तान) से 12 मील पश्चिम की ओर स्थित है।


पन्ने की प्रगति अवस्था
आधार
प्रारम्भिक
माध्यमिक
पूर्णता
शोध

टीका टिप्पणी और संदर्भ

  1. पांडे, धनपति प्राचीन भारत का राजनीतिक और सांस्कृतिक इतिहास (हिंदी), 170।
  2. देखें भट्टसाली- ए फारगाटन किंगडम ऑफ ईस्टर्न बंगाल, पृ 85-91
  3. ऐतिहासिक स्थानावली |लेखक: विजयेन्द्र कुमार माथुर |प्रकाशक: राजस्थान हिन्दी ग्रंथ अकादमी, जयपुर |संकलन: भारतकोश पुस्तकालय |पृष्ठ संख्या: 935 |

संबंधित लेख

वर्णमाला क्रमानुसार लेख खोज

                              अं                                                                                                       क्ष    त्र    ज्ञ             श्र   अः



"https://bharatdiscovery.org/bharatkosh/w/index.php?title=समतट&oldid=504502" से लिया गया