आलू का सीज़न -अजेय  

Icon-edit.gif यह लेख स्वतंत्र लेखन श्रेणी का लेख है। इस लेख में प्रयुक्त सामग्री, जैसे कि तथ्य, आँकड़े, विचार, चित्र आदि का, संपूर्ण उत्तरदायित्व इस लेख के लेखक/लेखकों का है भारतकोश का नहीं।
आलू का सीज़न -अजेय
Ajey.JPG
कवि अजेय
जन्म स्थान (सुमनम, केलंग, हिमाचल प्रदेश)
बाहरी कड़ियाँ आधिकारिक वेबसाइट
इन्हें भी देखें कवि सूची, साहित्यकार सूची
अजेय की रचनाएँ
  • आलू का सीज़न -अजेय

गोली मार
टरक को यार

अब तो रात होने को है
ठण्ड भी कैसी है
कमबखत
वो सामने देखते हो लेबर केम्प
सोलर जल रहा जहाँ
मेटनी के तम्बू में
चल दो घूँट लगाते हैं
जीरे के तड़के वाली
फ्राईड मोमो के साथ
गरमा जएगा जिसम
गला भी हो जाएगा तर
माँग पत्ता हो जाए दो हाथ
सुबह तक पटा ही लेंगे कोई उस्ताद
हज़ार पाँच सौ में


खुश हो जाएगी घरवाली !



1986



टीका टिप्पणी और संदर्भ

संबंधित लेख

स्वतंत्र लेखन वृक्ष

वर्णमाला क्रमानुसार लेख खोज

                              अं                                                                                                       क्ष    त्र    ज्ञ             श्र   अः



"https://bharatdiscovery.org/bharatkosh/w/index.php?title=आलू_का_सीज़न_-अजेय&oldid=583140" से लिया गया