माखन कटोरी  

माखन कटोरी

माखन कटोरी वृक्ष की एक प्रकार की प्रजाति को कहा जाता है। भगवान श्रीकृष्ण से माखन कटोरी की कथा सम्बंधित है।

  • भगवान कृष्ण वृंदावन में अपने बालकाल में पड़ोस के घरों से माखन चुराया करते थे। एक बार माखन की चोरी करने के बाद जब वह भाग रहे थे तो उनकी मां यशोदा ने उन्हें पकड़ लिया। यशोदा मैया की डांट से बचने के लिए भगवान श्रीकृष्ण ने माखन को एक पेड़ के पत्तों की कटोरी बनाकर छिपा दिया। मान्यता है कि तभी से उस पेड़ की पत्तियों का आकार कटोरी जैसा हो गया। उसके बाद से पेड़ की इस किस्म को "माखन कटोरी" कहा जाने लगा।
  • इस पेड़ की कथा यहीं समाप्त नहीं होती। श्रीकृष्ण ने यशोदा मैया से डांट सुन ली और इसके बाद माखन पिघल गया और यह पत्तियों की बनी कटोरी से बहने लगा। कहा जाता है कि इसी वजह से जब इस पेड़ के पत्तों को तोड़ा जाता है तो उसमें से एक रस निकलता है, जिसे माखन कहते हैं।
  • माखन कटोरी के वृक्ष अधिकांशत: उत्तराखण्ड में पाये जाते हैं।[1]


पन्ने की प्रगति अवस्था
आधार
प्रारम्भिक
माध्यमिक
पूर्णता
शोध

टीका टिप्पणी और संदर्भ

  1. माखन कटोरी (हिन्दी) न्यूसंट.कॉम। अभिगमन तिथि: 26 सितम्बर, 2015।

संबंधित लेख

वर्णमाला क्रमानुसार लेख खोज

                              अं                                                                                                       क्ष    त्र    ज्ञ             श्र   अः



"https://bharatdiscovery.org/bharatkosh/w/index.php?title=माखन_कटोरी&oldid=539522" से लिया गया