देवकुण्ड (बिहार)  

देवकुण्ड गया ज़िला, बिहार में पटना-गया रेल मार्ग पर जहानाबाद स्टेशन से 36 मील की दूरी पर है। इसे प्राचीन काल में 'च्यवनाश्रम' कहा जाता था।

  • देवकुण्ड में च्यवन ऋषि का एक मंदिर भी है।
  • स्थानीय जनश्रुति में राजा शर्याति की पुत्री सुकन्या और च्यवन की मनोरंजक पौराणिक आख्यायिका इसी स्थान से संबंधित है।
  • कहा जाता है कि देवकुण्ड सरोवर में स्नान करने के पश्चात् वृद्ध च्यवन ऋषि सुंदर युवक बन गये थे।
  • महाभारत में च्यवनाश्रम का उल्लेख नर्मदा नदी के तट पर बताया गया है।


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ऐतिहासिक स्थानावली |लेखक: विजयेन्द्र कुमार माथुर |प्रकाशक: राजस्थान हिन्दी ग्रंथ अकादमी, जयपुर |पृष्ठ संख्या: 441 |


टीका टिप्पणी और संदर्भ

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