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जान का गाहक  

जान का गाहक एक प्रचलित लोकोक्ति अथवा हिन्दी मुहावरा है।

अर्थ- बहुत अधिक कष्ट देने या सताने वाला।

प्रयोग- वह इनके जान की गाहक हो रही है।-प्रेमचंद

टीका टिप्पणी और संदर्भ

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