छापने योग्य संस्करण अब समर्थित नहीं है और इसे रेंडर करने में त्रुटियाँ आ सकती हैं। कृपया अपने ब्राउज़र के बुकमार्क्स अपडेट करें और ब्राउज़र में छापने के डिफ़ॉल्ट विकल्पों का इस्तेमाल करें।
- मारीच-सुबाहु की माता, सुकेतु नामक यक्ष की पुत्री, जो अगस्त्य ऋषि के शाप से राक्षसी हो गयी थी।
- यह सरयू के निकट ताड़का वन में रहकर ऋषियों के यज्ञों में बाधा डालती थी।
- अत्याचार से पीड़ित होकर विश्वामित्र उसके वध के लिए राम-लक्ष्मण को दशरथ से माँगकर ले गये।
- स्त्री जानकर राम उसे मारने में संकोच कर रहे थे, किन्तु विश्वामित्र की आज्ञा पाकर उन्होंने उसे मार डाला।
- इसका दूसरा नाम 'सुकेतुसुता' भी है।
संबंधित लेख
| रामायण |
|---|
| | रामायण संदर्भ | | | | रामायण के काण्ड | | | | अन्य रामायण ग्रंथ | |
|